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BAHRAICH NEWS : सरकारी जमीन से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पर सवाल, तीन दुकानें ध्वस्त, सात अब भी बरकरार

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रिपोर्ट-लोग दस्तक संवाददाता

मोहल्लावासियों ने जिलाधिकारी से की शेष निर्माणों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की मांग

बहराइच। नानपारा के मोहल्ला किला में सरकारी भूमि पर कथित अतिक्रमण हटाने के लिए नगर पालिका परिषद की ओर से की गई कार्रवाई को लेकर सवाल उठने लगे हैं। 25 अक्टूबर 2026 को पालिका की टीम ने मौके पर पहुंचकर तीन दुकानों को ध्वस्त कराया। हालांकि, स्थानीय लोगों का दावा है कि इसके बाद भी सात दुकानें मौके पर मौजूद हैं। मोहल्लावासियों ने जिला प्रशासन से मामले में हस्तक्षेप कर शेष निर्माणों की जांच कराने की मांग की है।

मामला राहत जनता इंटर कॉलेज के पास स्थित भूमि से जुड़ा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, संबंधित जमीन राजस्व अभिलेखों में उत्तर प्रदेश सरकार के नाम दर्ज है। आरोप है कि यहां पहले पांच पक्की दुकानें बनाई गई थीं। इस संबंध में लोगों ने नगर पालिका परिषद नानपारा में शिकायत दर्ज कराकर अतिक्रमण हटाने की मांग की थी।

नोटिस के बाद भी निर्माण का आरोप

मोहल्लावासियों के मुताबिक, नगर पालिका ने 12 सितंबर 2025 को पत्रांक 546/नोटिस/2025-26 के माध्यम से नोटिस जारी किया था। इसमें नगर पालिका अधिनियम, 1916 की धारा 185 के उल्लंघन का उल्लेख किया गया था। इसके बाद 4 अक्टूबर 2025 को पत्रांक 616 के जरिए जिलाधिकारी बहराइच को आख्या भेजे जाने की बात भी सामने आई थी।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि इसके बावजूद उसी स्थान पर पांच और दुकानों का निर्माण करा लिया गया, जिससे कुल दुकानों की संख्या दस हो गई।

जिलाधिकारी से कार्रवाई की मांग

मोहल्लावासियों के अनुसार, 25 अक्टूबर को हुई कार्रवाई में नई बनाई गई पांच दुकानों में से तीन को ध्वस्त किया गया। इस तरह पहले से निर्मित पांच और नई बनी दो दुकानें मिलाकर कुल सात दुकानें अब भी शेष हैं। लोगों ने सवाल उठाया है कि शिकायत और नोटिस के बावजूद नए निर्माणों को समय रहते क्यों नहीं रोका गया।

स्थानीय निवासियों ने जिलाधिकारी से भूमि के राजस्व अभिलेखों और नगर पालिका के दस्तावेजों की जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि शेष निर्माण सरकारी भूमि पर अवैध पाए जाते हैं, तो नियमानुसार कार्रवाई कर जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराया जाए। फिलहाल, मामले में प्रशासन के अगले कदम पर लोगों की निगाहें टिकी हैं।

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