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Amethi / अमेठी में जनगणना-2027 की तैयारी तेज, 3650 प्रगणक और 615 पर्यवेक्षक संभालेंगे जिम्मेदारी

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अमेठी में जनगणना-2027 के लिए प्रगणकों और पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण

अमेठी के गौरीगंज स्थित राजकीय आईटीआई में जनगणना-2027 के प्रशिक्षण कार्यक्रम का निरीक्षण करते जिलाधिकारी शशांक चौधरी।

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रिपोर्ट -लोकदस्तक संवाददाता 

जनगणना-2027: अमेठी में 3650 प्रगणक और 615 पर्यवेक्षक संभालेंगे जिम्मेदारी, 68 फील्ड ट्रेनरों द्वारा दिया जा रहा प्रशिक्षण

16 से 30 नवंबर तक होगी स्वगणना, एक दिसंबर से चार जनवरी तक प्रगणक घर-घर जाकर करेंगे जनसंख्या की गणना।
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अमेठी। भारत की जनगणना-2027 के द्वितीय चरण के अंतर्गत जनसंख्या की गणना को लेकर जनपद में तैयारियां तेज कर दी गई हैं। गणना कार्य को व्यवस्थित, पारदर्शी एवं त्रुटिरहित ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रगणकों और पर्यवेक्षकों को प्रशिक्षित किया जा रहा है। इसी क्रम में जिलाधिकारी शशांक चौधरी ने राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई), गौरीगंज में संचालित प्रशिक्षण कार्यक्रम का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने प्रशिक्षण की प्रगति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों एवं प्रशिक्षकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान कार्मिकों को दी जा रही जानकारी का अवलोकन किया तथा जनगणना कार्य की महत्ता को देखते हुए सभी संबंधित कर्मियों को गंभीरता एवं जिम्मेदारी के साथ प्रशिक्षण प्राप्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनगणना के दौरान एकत्रित किए जाने वाले आंकड़े महत्वपूर्ण होते हैं, इसलिए प्रत्येक स्तर पर निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन सुनिश्चित किया जाए और सूचनाओं के संकलन में पूरी सावधानी बरती जाए। जनपद अमेठी में जनगणना-2027 के अंतर्गत जनसंख्या की गणना के लिए कुल 3650 प्रगणक एवं 615 पर्यवेक्षक तैनात किए गए हैं। इन सभी कार्मिकों को 68 फील्ड ट्रेनरों के माध्यम से प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि वे जनगणना कार्य के प्रत्येक पहलू को अच्छी तरह समझ सकें और क्षेत्र में पहुंचकर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकें। प्रशिक्षण के दौरान कार्मिकों को बताया जा रहा है कि घर-घर जाकर परिवारों से आवश्यक जानकारी किस प्रकार प्राप्त करनी है, विवरणों को निर्धारित प्रारूप में कैसे दर्ज करना है तथा गणना के दौरान किन महत्वपूर्ण बिंदुओं का विशेष ध्यान रखना है। प्रशिक्षकों द्वारा यह भी समझाया जा रहा है कि परिवारों से जानकारी प्राप्त करते समय निर्धारित प्रक्रिया का पालन किया जाए। प्रत्येक प्रश्न का उत्तर सावधानीपूर्वक दर्ज किया जाए और कोई भी आवश्यक विवरण छूटने न पाए। सूचनाओं को स्पष्टता के साथ दर्ज करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है, ताकि आंकड़ों में त्रुटि की संभावना न्यूनतम रहे। प्रशिक्षण कार्यक्रम में पर्यवेक्षकों की भूमिका एवं जिम्मेदारियों के संबंध में भी विस्तार से जानकारी दी जा रही है। उन्हें बताया जा रहा है कि जनगणना के दौरान प्रगणकों के कार्यों की नियमित निगरानी करना, कार्य में आने वाली समस्याओं का समाधान कराना तथा निर्धारित समयसीमा के भीतर गणना कार्य पूरा कराना उनकी प्रमुख जिम्मेदारियों में शामिल है। इसके साथ ही कार्मिकों को जनगणना संबंधी दिशा-निर्देशों का पालन करने, सूचनाओं के सही संकलन तथा कार्य में एकरूपता बनाए रखने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। प्रशिक्षण का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि क्षेत्र में तैनाती के बाद सभी प्रगणक एवं पर्यवेक्षक अपने दायित्वों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकें। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, जनगणना-2027 के अंतर्गत 16 नवंबर से 30 नवंबर 2026 तक स्वगणना की प्रक्रिया संचालित की जाएगी। इस दौरान नागरिक अपने मोबाइल फोन के माध्यम से स्वयं तथा अपने परिवार की जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। स्वगणना की अवधि समाप्त होने के बाद एक दिसंबर 2026 से चार जनवरी 2027 तक प्रगणकों द्वारा घर-घर जाकर जनसंख्या की गणना की जाएगी। इस दौरान प्रगणक परिवारों से निर्धारित जानकारी प्राप्त कर उसे नियमानुसार दर्ज करेंगे। जनगणना की प्रक्रिया को सफल बनाने के लिए आमजन की सहभागिता भी महत्वपूर्ण होगी। इसके लिए नागरिकों को स्वगणना की प्रक्रिया तथा जनगणना के महत्व के संबंध में जागरूक करने पर जोर दिया जा रहा है। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रशिक्षण कार्यक्रम को गंभीरता से संचालित कराया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी प्रगणक एवं पर्यवेक्षक जनगणना कार्य से संबंधित आवश्यक प्रक्रियाओं एवं दिशा-निर्देशों से भली-भांति परिचित हों, ताकि जनगणना का कार्य निर्धारित समयसीमा में सुचारु एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराया जा सके। निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी पूजा साहू, राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान के प्रधानाचार्य शिवाकांत द्विवेदी सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

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