Religion and Spirituality : भारत में सभी धर्मों का सम्मान है – डॉ. इंद्रेश कुमार
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रिपोर्ट – लोक दस्तक संवाददाता
धर्म संस्कृति संगम की संगोष्ठी में बोले संरक्षक डॉ. इंद्रेश कुमार
राष्ट्र की उन्नति में समता, समानता, सामाजिक समरसता एवं सद्भाव का महत्व’ पर संगोष्ठी
लखनऊ, उप्र ।
‘भारत में सभी धर्मों का सम्मान है। इसलिए यहां सभी धर्मों मिलकर चलते हैं। देश में कट्टरता या लड़ाकू सोच नहीं चल सकती। दुनिया में जितने भी धर्म हैं उनके प्रार्थना करने का तरीका भले ही अलग हो, पर सभी एक ही ऊपर वाले से अरदास करते हैं। जिस प्रकार माता-पिता सभी संतानों से समान ममता रखते हैं। उसी प्रकार ईश्वर भी सबको समभाव से देखता है। विश्व में शांति स्थापना का प्रमुख केंद्र भारत ही बन सकता है।
भारत विश्व गुरु है और ‘सारे जहां से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा’ का संदेश देता है।’ उक्त बातें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अखिल भारतीय कार्यकारिणी सदस्य डॉ. इंद्रेश कुमार ने कहीं। वह शनिवार को लखनऊ के संगीत नाटक अकादमी में धर्म संस्कृति संगम की अवध प्रांत इकाई की ‘राष्ट्र की उन्नति में समता, समानता, सामाजिक समरसता एवं सद्भाव का महत्व’ विषयक संगोष्ठी में बोल रहे थे।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य एवं धर्म संस्कृति संगम के संरक्षक डॉ. इंद्रेश कुमार रहे। अपने संबोधन में डॉ. इंद्रेश कुमार ने सामाजिक समरसता और देश की एकता पर बल दिया। अयोध्या बावन मंदिर के पीठाधीश्वर वैदेही बल्लभ शरण महाराज ने अध्यक्षता की।
अन्य वक्ताओं में केजीएमयू की कुलपति पद्मश्री प्रो. सोनिया नित्यानंद, अयोध्या के धोबी मंदिर के महंत छत्तरदास महाराज, अयोध्या के रविदास मंदिर के महंत अवधेश दास महाराज एवं निराला दास महाराज एवं अन्य संतों ने अपने विचार व्यक्त करते हुए समाज में समानता, भ्रातृत्व और समरसता को राष्ट्र निर्माण की कुंजी बताया।
अनुष्ठान की रचना को सफल बनाने में धर्म संस्कृति संगम के राष्ट्रीय मंत्री अरुण सिंह बौद्ध, राष्ट्रीय महामंत्री राजेश लांबा, राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष भंते सील रत्न, प्रांत सद्भाव प्रमुख राजेंद्र, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष मनीष वर्मा एवं राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य महिपाल सिंह का विशेष योगदान रहा। राष्ट्रीय मंत्री अरुण सिंह बौद्ध ने आभार व्यक्त किया। प्रांत सद्भाव प्रमुख राजेंद्र ने प्रस्तावना प्रस्तुत की।
स्वागत भाषण राष्ट्रीय महामंत्री राजेश लांबा ने किया। साहू मंदिर के महंत संजीव दास की भी उपस्थित रही। कार्यक्रम की शुरुआत वंदेमातरम से हुई ।तथा कार्यक्रम समापन संयोजक अरुण सिंह के आभार व्यक्त उपरांत राष्ट्रगान से हुआ।


